14 अप्रैल को उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद में आंध्र प्रदेश पुलिस द्वारा एक अन्य स्टैंड-अप कॉमेडियन अनुदीप कटिकाला को हिरासत में लिए जाने के 48 घंटे के भीतर ही दूसरे कॉमेडियन रफीक मोहम्मद को विशाखापत्तनम से हिरासत में लिया गया। रफीक पर भी उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण का कथित अपमान करने का आरोप है।

फोटो साभार: सोशल मीडिया/ फेसबुक
विशाखापत्तनम में उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण का कथित अपमान करने के आरोप में आंध्र प्रदेश पुलिस ने एक स्टैंड-अप कॉमेडियन को हिरासत में लिया है। राज्य में दो दिनों के भीतर यह दूसरी इस तरह की पुलिस कार्रवाई है।
द वायर की रिपोर्ट के अनुसार, चिलाकलापुडी पुलिस स्टेशन के पुलिसकर्मियों ने 16 अप्रैल को रात लगभग 8 बजे कॉमिक रफीक मोहम्मद को उनके विशाखापत्तनम स्थित आवास से हिरासत में लिया। यह हिरासत 15 अप्रैल को रात 10 बजे दर्ज की गई एफआईआर संख्या 90/2026 पर आधारित है।
एफआईआर के मुताबिक, यह शिकायत मछलीपट्टनम निवासी 42 वर्षीय सायना शिवन्नारायण ने दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि वे पिछले आठ वर्षों से जन सेना पार्टी (जेएसपी) से जुड़े हैं और वर्तमान में पार्टी के गुडुरु स्थित जल निकाय के उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत हैं।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि 15 अप्रैल को एक्स पर उन्हें कुछ वीडियो मिले, जिनमें रफीक कथित तौर पर पवन कल्याण और मंत्री नारा लोकेश के खिलाफ अपशब्द और अपमानजनक टिप्पणियां करते नजर आ रहे थे।
शिवन्नारायण ने कहा कि ये टिप्पणियां भड़काऊ थीं और विभिन्न समुदायों तथा राजनीतिक दलों के बीच नफरत पैदा कर सकती थीं, जिससे सार्वजनिक शांति भंग होने की आशंका थी।
एफआईआर में उल्लेख किया गया है कि प्रदीप रेड्डी चिंता और साईराम वेंकट ने पहले भी अपने-अपने फेसबुक अकाउंट के माध्यम से इन वीडियो की निंदा की थी। प्रदीप रेड्डी वाईएसआरसीपी के महासचिव हैं और एनआरआई मामलों के प्रभारी हैं, जबकि साईराम वेंकट के फेसबुक अकाउंट पर 17 फॉलोअर्स हैं।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि वेंकट ने मोहम्मद का इंस्टाग्राम अकाउंट, उनका संपर्क नंबर और विशाखापत्तनम में उनकी लोकेशन सार्वजनिक रूप से साझा की थी।
जिस वीडियो की बुनियाद पर शिकायत दर्ज की गई है, उसमें रफीक ने पवन कल्याण के निजी जीवन और उनकी हालिया राजनीति का उल्लेख किया है। कॉमेडियन ने व्यंग्य करते हुए कहा, “विशाखापत्तनम के लोगों ने हमारे पवन कल्याण को नकार दिया है… विशाखापत्तनम के लोगों ने न सिर्फ पवन कल्याण को नकारा, बल्कि उनकी तीनों पत्नियों ने भी उन्हें नकार दिया है।”
वेंकट ने अपनी एक्स पोस्ट में एक और व्यंग्य का जिक्र किया, जिसमें रफीक ने कहा, “पवन कल्याण को उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। मुझे लगता है कि उन्हें विदेश मंत्री होना चाहिए… क्योंकि वे इकलौते भारतीय हैं जिन्होंने एक रूसी को हराया है।”
सब-इंस्पेक्टर उदिमुदी चांटी इस मामले की जांच कर रहे हैं। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 353(2) के तहत मामला दर्ज किया है, जो उपद्रव फैलाने वाले बयानों और शत्रुता उत्पन्न करने के उद्देश्य से झूठी जानकारी फैलाने को दंडनीय बनाती है।
रफीक की गिरफ्तारी के साथ ही राज्य में राजनीतिक व्यंग्य करने वाले कलाकारों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई का एक सिलसिला नजर आने लगा है।
यह मामला 14 अप्रैल को उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में काकीनाडा पुलिसकर्मियों द्वारा एक अन्य स्टैंड-अप कॉमेडियन अनुदीप कटिकाला को हिरासत में लिए जाने के 48 घंटे के भीतर ही सामने आया है। कटिकाला पर भी पवन कल्याण की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का आरोप था। दोनों शिकायतें स्थानीय जेएसपी पदाधिकारियों द्वारा दर्ज कराई गई थीं।
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विशाखापत्तनम में उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण का कथित अपमान करने के आरोप में आंध्र प्रदेश पुलिस ने एक स्टैंड-अप कॉमेडियन को हिरासत में लिया है। राज्य में दो दिनों के भीतर यह दूसरी इस तरह की पुलिस कार्रवाई है।
द वायर की रिपोर्ट के अनुसार, चिलाकलापुडी पुलिस स्टेशन के पुलिसकर्मियों ने 16 अप्रैल को रात लगभग 8 बजे कॉमिक रफीक मोहम्मद को उनके विशाखापत्तनम स्थित आवास से हिरासत में लिया। यह हिरासत 15 अप्रैल को रात 10 बजे दर्ज की गई एफआईआर संख्या 90/2026 पर आधारित है।
एफआईआर के मुताबिक, यह शिकायत मछलीपट्टनम निवासी 42 वर्षीय सायना शिवन्नारायण ने दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि वे पिछले आठ वर्षों से जन सेना पार्टी (जेएसपी) से जुड़े हैं और वर्तमान में पार्टी के गुडुरु स्थित जल निकाय के उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत हैं।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि 15 अप्रैल को एक्स पर उन्हें कुछ वीडियो मिले, जिनमें रफीक कथित तौर पर पवन कल्याण और मंत्री नारा लोकेश के खिलाफ अपशब्द और अपमानजनक टिप्पणियां करते नजर आ रहे थे।
शिवन्नारायण ने कहा कि ये टिप्पणियां भड़काऊ थीं और विभिन्न समुदायों तथा राजनीतिक दलों के बीच नफरत पैदा कर सकती थीं, जिससे सार्वजनिक शांति भंग होने की आशंका थी।
एफआईआर में उल्लेख किया गया है कि प्रदीप रेड्डी चिंता और साईराम वेंकट ने पहले भी अपने-अपने फेसबुक अकाउंट के माध्यम से इन वीडियो की निंदा की थी। प्रदीप रेड्डी वाईएसआरसीपी के महासचिव हैं और एनआरआई मामलों के प्रभारी हैं, जबकि साईराम वेंकट के फेसबुक अकाउंट पर 17 फॉलोअर्स हैं।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि वेंकट ने मोहम्मद का इंस्टाग्राम अकाउंट, उनका संपर्क नंबर और विशाखापत्तनम में उनकी लोकेशन सार्वजनिक रूप से साझा की थी।
जिस वीडियो की बुनियाद पर शिकायत दर्ज की गई है, उसमें रफीक ने पवन कल्याण के निजी जीवन और उनकी हालिया राजनीति का उल्लेख किया है। कॉमेडियन ने व्यंग्य करते हुए कहा, “विशाखापत्तनम के लोगों ने हमारे पवन कल्याण को नकार दिया है… विशाखापत्तनम के लोगों ने न सिर्फ पवन कल्याण को नकारा, बल्कि उनकी तीनों पत्नियों ने भी उन्हें नकार दिया है।”
वेंकट ने अपनी एक्स पोस्ट में एक और व्यंग्य का जिक्र किया, जिसमें रफीक ने कहा, “पवन कल्याण को उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। मुझे लगता है कि उन्हें विदेश मंत्री होना चाहिए… क्योंकि वे इकलौते भारतीय हैं जिन्होंने एक रूसी को हराया है।”
सब-इंस्पेक्टर उदिमुदी चांटी इस मामले की जांच कर रहे हैं। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 353(2) के तहत मामला दर्ज किया है, जो उपद्रव फैलाने वाले बयानों और शत्रुता उत्पन्न करने के उद्देश्य से झूठी जानकारी फैलाने को दंडनीय बनाती है।
रफीक की गिरफ्तारी के साथ ही राज्य में राजनीतिक व्यंग्य करने वाले कलाकारों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई का एक सिलसिला नजर आने लगा है।
यह मामला 14 अप्रैल को उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में काकीनाडा पुलिसकर्मियों द्वारा एक अन्य स्टैंड-अप कॉमेडियन अनुदीप कटिकाला को हिरासत में लिए जाने के 48 घंटे के भीतर ही सामने आया है। कटिकाला पर भी पवन कल्याण की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का आरोप था। दोनों शिकायतें स्थानीय जेएसपी पदाधिकारियों द्वारा दर्ज कराई गई थीं।
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