भूमि अधिग्रहण: फिर धरने पर पंजाब के किसान, रेलवे ट्रैक पर तंबू गाड़े, बुजुर्ग महिला को थप्पड़ मारने से फूटा गुस्सा

Written by Navnish Kumar | Published on: May 18, 2023
दिल्ली अमृतसर कटरा एक्सप्रेस-वे के जमीन अधिग्रहण को लेकर पंजाब के किसान नाराज हैं। उन्होंने अमृतसर जालंधर रेलवे ट्रैक पर तंबू गाड़ धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। वैष्णो देवी धाम को सीधे दिल्ली से जोड़ने वाले इस एक्सप्रेसवे के लिए जमीन का मुआवजा कम मिलने की शिकायत है। साथ ही एक पुलिसकर्मी द्वारा एक बुजुर्ग प्रदर्शनकारी महिला को थप्पड़ मारने से भी किसानों में गुस्सा है। 



पंजाब में एक बार फिर किसान आंदोलन गर्मा गया है। कई जगह किसानों के जत्थों ने गुरुवार को रेलवे ट्रैक जाम करते हुए उस पर अपने तंबू खड़े कर लिए हैं, जिससे कई ट्रेन प्रभावित हुई हैं। किसान दिल्ली से अमृतसर होते हुए वैष्णो देवी धाम के लिए जम्मू-कश्मीर के कटरा तक जाने वाले एक्सप्रेसवे के जमीन अधिग्रहण का विरोध कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि जमीन के लिए सरकार बेहद कम मुआवजा दे रही है। साथ ही जमीन पर पुलिस की मदद से जबरन कब्जा लिया जा रहा है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पंजाब में बुधवार के बाद गुरुवार को भी जमीन पर कब्जा लेने पहुंची टीमों के साथ किसानों की हाथापाई हुई। किसान दिल्ली-कटरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूमि अधिग्रहण के विरोध के दौरान एक पुलिसकर्मी द्वारा गुरदासपुर में एक बुजुर्ग महिला प्रदर्शनकारी को थप्पड़ मारने के बाद प्रदर्शनकारियों में रोष है। आरोप है कि पंजाब पुलिस ने किसानों के साथ मारपीट करते हुए उन्हें जमीन पर घसीटा है। यहां तक कि किसान परिवारों की महिलाओं से भी मारपीट और बदतमीजी करने का आरोप है।



मोगा रेलवे ट्रैक पर भी किसान धरने पर बैठ गए हैं। किसानों की मांग है कि भारत माला प्रोजेक्ट के तहत बनने वाले एक्सप्रेस हाई वे के लिए एक्वायर की गई किसानों की जमीनों का उचित मुआवजा नहीं मिला। वहीं गुरदासपुर में बुधवार को पुलिस द्वारा किसानों पर की गई कार्रवाई के चलते भी किसान गुस्से में हैं। जिसके चलते किसानों ने अनिश्चितकाल के लिए रेल ट्रैक जाम कर दिया है। उनका कहना है कि उनको उनकी जमीनों का उचित मुआवजा दिया जाए और दूसरी तरफ उन पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई की जाए जिन्होंने महिला किसान को थप्पड़ मारा। किसानों का कहना है कि सरकार उनकी मांगें अभी मांग ले तो अभी धरना खत्म कर देंगे। उनका मन नहीं करता कि लोग परेशान हों लेकिन धरना उनकी भी मजबूरी है। 



वहीं बटाला में किसानों पर लाठीचार्ज के मामले में राजनीति भी शुरू हो गई है। शिरोमणि अकाली दल के प्रधान सुखबीर बादल ने ट्वीट किया-श्री हरगोबिंदपुर में किसानों, विशेषकर महिलाओं और बुजुर्गों पर दमन की बर्बरता ने पंजाबियों को झकझोर कर रख दिया है और किसान विरोधी आप सरकार को दिखाता है। शिरोमणि अकाली दल किसानों पर अत्याचार करने वाले सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करता है।

कई जिलों में बैठे हैं ट्रैक पर किसान

किसान मजदूर संघर्ष कमेटी के बैनर तले किसानों ने अमृतसर, बठिंडा, जालंधर, लुधियाना, फिरोजपुर, पटियाला, रोपड़ आदि में रेल ट्रैक पर कब्जा किया है। दोपहर में अमृतसर के देवीदासपुरा रेलवे फाटक, जंडियाला गुरु आदि जगहों पर किसान ट्रैक पर अपना तंबू लगाकर लंबे समय तक कब्जा बनाए रखने के लिए धरने पर बैठ गए थे।

जमीन का कम दाम नहीं लेंगे किसान

किसानों ने साफ तौर पर कहा है कि मुआवजा बाजार भाव के हिसाब से तय किया जाए। सरकार जमीन अधिग्रहण के लिए कम मुआवजा दे रही है। किसान अपनी जमीन कम दाम पर नहीं देंगे। किसानों ने पंजाब की भगवंत मान सरकार पर पुलिस लाठीचार्ज के जरिये जबरन जमीनें खाली कराने का भी आरोप लगाया है। किसानों ने चेतावनी दी है कि पुलिस हिंसा नहीं रोकी गई तो आंदोलन और व्यापक किया जाएगा।

आंदोलन से प्रभावित हुईं कई ट्रेन

किसानों के जगह-जगह ट्रैक बंद करने से कई ट्रेन प्रभावित हुई हैं। गोल्डन टैंपल मेल, नांदेड़ अमृतसर सुपरफास्ट एक्सप्रेस, पश्चिम एक्सप्रेस, शाने पंजाब एक्सप्रेस, शताब्दी एक्सप्रेस आदि ट्रेनों का शेड्यूल प्रभावित हुआ है।

श्री हरगोबिंदपुर के बाद गुरदासपुर में पुलिस से भिड़े किसान

एक्सप्रेसवे के जमीन अधिग्रहण का विरोध कर रहे किसानों की लगातार दूसरे दिन पुलिस से भिड़ंत हुई है। गुरदासपुर के भामड़ी गांव में जमीन पर कब्जा लेने आई टीम का किसान विरोध कर रहे थे। आरोप है कि इस दौरान पुलिस ने किसानों पर लाठी भांजी, जिससे मची भगदड़ में कई किसानों की सिर की पगड़ियां तक गिर गईं। इसके अलावा महिला किसान के साथ भी मारपीट की गई है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इससे पहले बुधवार को भी श्री हरगोबिंदपुर के माडी टांडा में पुलिस और किसानों के बीच झड़प हुई थी, जिसमें पुलिस ने किसानों पर लाठीचार्ज किया था।

उधर, आम आदमी पार्टी के प्रवक्‍ता सरवन स‍िंह पंधार ने कहा क‍ि किसानों से संबंधित हर मुद्दे को मुख्यमंत्री हल कर रहे हैं। किसान जत्थेबंदियों को लोगों के कामों पर प्रभाव नहीं डालना चाहिए। उनसे अपील है कि आम लोगों को परेशान न करें।

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