राजनीती
September 6, 2021
धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगा भीड़ ने पादरी को पुलिस हिरासत में ही पीट दिया
"धर्म बदलने वालों को ... जूता मारो स** लों को... जय जय श्री राम," यह नारा छत्तीसगढ़ में एक पुलिस स्टेशन में भीड़ ने उस समय लगाया जब एक पादरी वहां थे। लेकिन उस समय ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मी यह सब देख रहे थे। जल्द ही यह भीड़ एक ईसाई पादरी पर हमला करने के लिए आगे बढ़ी, जिसे पुलिस स्टेशन बुलाया...
September 6, 2021
5 सितंबर 2021 का रविवार यूपी में किसानों की महारैली का गवाह बना। इस दौरान किसान नेताओं के आह्वान पर मुजफ्फरनगर में लाखों की संख्या में किसान पहुंचे। पूरी महारैली के दौरान सांप्रदायिक सौहार्द की तस्वीरें नजर आईं। जो मुजफ्फरनगर किसी समय दंगों के लिए कुख्यात था, वहां इस बार हिंदू- मुस्लिम, सिखों के बीच सांप्रदायिक सौहार्द का नजारा सामने आया। इस बीच एक खास बात यह भी रही कि देश में सत्ता के इशारे पर...
September 5, 2021
किसान महापंचायत में टिकैत बोले- बाबा साहेब का संविधान और देश खतरे में, इसे बचाना है
मुजफ्फरनगर के जीआईसी ग्राउंड में संयुक्त किसान मोर्चा की महापंचायत में रविवार को सुबह से ही भीड़ के सभी रिकॉर्ड ध्वस्त हो गए। किसानों का रैला ऐसा उमड़ रहा था जैसे लोग किसी मेले में जा रहे हों। किसानों के लगातार उमड़ते सैलाब के आगे पुलिस-प्रशासन भी बेबस एक ओर खड़ा नजर आया। कई स्थानों पर व्यवस्था बनाने में...
September 5, 2021
किसान एकता जिंदाबाद...किसानों की ताकत देखेगा भारत, 5 सितंबर ऐतिहासिक किसान महापंचायत, क्रांति की धरा मुजफ्फरनगर रचेगी किसान आंदोलन का इतिहास जैसे नारे लिखे बड़े-बड़े होर्डिंगों से पाट दिया गया है। चारों तरफ लाउडस्पीकर लगे हैं। एक ही आवाज, मुजफ्फरनगर चलो...किसानों की ताकत देखेगा भारत... गूंज रही है।
जी हां, किसान आंदोलन की दिशा तय करने और सत्ता परिवर्तन का बिगुल फूंकने को लेकर यूपी की...
September 5, 2021
‘विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस’ मनाने से पहले कुछ खास बातों को जरूर जान लेना चाहिए। एक यह कि भारत पांच हजार साल पुरानी सभ्यता है। दूसरा कि यह कोई पहली विभीषिका नहीं है। महाभारत की विभीषिका हुई। हमारी पुरानी कथाओं के मुताबिक 120 करोड़ लोग इसमें मारे गए। द्रोपदी के कपड़े उतारे गए। सीता का अपहरण हुआ। द्रोणाचार्य ने एकलव्य का अंगूठा कटवाया। गांधी जी की हत्या की गई। दलितों और अल्पसंखयकों के...
"क्रोनी कैपिटलिज्म से फसल और नस्ल बचाने के साथ, दंगों से उपजी खाई भरने का काम करेगी किसान महापंचायत"
September 4, 2021
"आतंकी तालिबानियों से बातचीत कर सकती है @BJP4India सरकार, लेकिन पिछले 9 माह से दिल्ली #FarmersProtest पर बैठे अपने देश के किसानों से बात नहीं कर सकती !! Why ? याचना नहीं अब रण होगा, संघर्ष बडा भीषण होगा !!
#किसानो_मुजफ्फरनगर_चलो"
"घमंडी भाजपा किसानों की मांग नहीं मानेगी, वो किसानों को बदनाम करने, आन्दोलन को कमजोर करने, किसानों में फूट डालने में लगी है। हमें किसान...
September 4, 2021
AIKS नेताओं ने रविवार की महापंचायत में शामिल होने के लिए तीन गुना बड़े प्रतिनिधिमंडल का वादा किया
अखिल भारतीय किसान सभा (AIKS) के नेताओं ने कहा कि भारत के किसान संघर्ष के लिए निरंतर एकजुटता के संकेत के रूप में 3 सितंबर, 2021 को बिहार के 500 से अधिक किसान गाजीपुर बॉर्डर पर एक धरना शिविर में शामिल हुए। एक सप्ताह तक विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए बिहार के विभिन्न जिलों से किसान एक...
September 4, 2021
बॉम्बे हाईकोर्ट ने राव की बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति के कारण फरवरी में 6 महीने की अवधि के लिए उन्हें जमानत दे दी थी
भीमा कोरेगांव मामले के आरोपी तेलुगु कवि डॉ. वरवर राव ने अपनी मेडिकल जमानत की अवधि बढ़ाने और तेलंगाना में अपने घर में रहने की अनुमति के लिए बॉम्बे हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है, इस आधार पर कि वह अभी भी बीमार हैं और उन्होंने जमानत की शर्तों का उल्लंघन नहीं किया।
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September 3, 2021
सत्र न्यायालय ने उसे इस आधार पर जमानत देने से इनकार कर दिया कि वह इंदौर से बाहर रहता है और जांच अभी जारी है
Image Courtesy:freepressjournal.in
हाल ही में इंदौर में धार्मिक पहचान के कारण बेरहमी से पिटने वाले मुस्लिम चूड़ी विक्रेता तस्लीम को अब कथित छेड़छाड़ के एक मामले में जमानत देने से इनकार कर दिया गया है।
उन्हें छठी कक्षा की छात्रा की शिकायत पर गिरफ्तार किया गया था,...
September 3, 2021
पांच घंटे चली बैठक के बाद भी चाय बागान कर्मियों की मांगों के अनुरूप टी ट्राइब्स को एसटी का दर्जा देने या दिहाड़ी मजदूरी बढ़ाने पर कोई प्रतिबद्धता नहीं नजर आई
असम के टी ट्राइब्स को एक बार फिर से ठगने का काम किया गया है, राज्य के मुख्यमंत्री ने चाय जनजातियों के प्रतिनिधियों के साथ-साथ पांच घंटे की लंबी बैठक के बावजूद, समुदाय की विशिष्ट मांगों के लिए कोई ठोस प्रतिबद्धता पर स्पष्ट नहीं...