अल्पसंख्यांक

November 25, 2022
सीएमआरआई रिपोर्ट धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ घृणा अपराधों पर डेटा प्रदान करती है, और अन्य पहलुओं के साथ समाचार मीडिया, शैक्षणिक संस्थानों की स्थिति पर उनके चित्रण को छूती है। Image: The Indian Express   काउंसिल ऑफ माइनॉरिटी राइट्स इन इंडिया (CMRI) ने नवंबर 2022 में भारत में धार्मिक अल्पसंख्यकों पर एक रिपोर्ट प्रकाशित की। इस रिपोर्ट के माध्यम से, प्राथमिक और द्वितीयक डेटा एकत्र करके...
November 24, 2022
वीएचपी कार्यकर्ताओं ने दावा किया कि उन्होंने कुछ छात्राओं से बात की और सबूत इकट्ठा करने के बाद ही कार्रवाई की। सूरत: भगवान महावीर विश्वविद्यालय परिसर में बजरंग दल और विहिप के कार्यकर्ताओं ने झूठी पहचान के जरिए हिंदू लड़कियों को लुभाने और उनका यौन शोषण करने का आरोप लगाते हुए अल्पसंख्यक समुदाय के कुछ छात्रों पर हमला किया। सूत्रों ने गुरुवार को यह जानकारी दी।   गुरुवार को एक वीडियो क्लिप...
November 23, 2022
भाजपा हो या कांग्रेस या फिर आम आदमी पार्टी, हर किसी को मुस्लिमों के वोट चाहिए, लेकिन कोई भी इनके हाथों में प्रतिनिधित्व देना नहीं चाहता। जिसमें भाजपा ने तो पूरी तरह से अपने दरवाज़े बंद कर दिए हैं। सौजन्य- DW वो साल 1980 था, जब गुजरात राज्य के भीतर खाम (KHAM) यानी क्षत्रिय, हरिजन, आदिवासी और मुसलमानों का समीकरण बिठाया गया था, ये साल इस लिहाज से भी ऐतिहासिक था क्योंकि 12 मुसलमान विधायक...
November 19, 2022
बनारस में 450 साल से जारी है “अगहनी जुमे” की नमाज़ की परंपरा  वाराणसी: दिनांक 18 नवंबर 2022 दिन शुक्रवार। यानी जुमे का रोज़। इस शुक्रवार को अगहनी जुमे के नाम से जाना जाता है। वैसे तो जुमे के रोज़ हर एक मस्जिद गुलज़ार रहती है और मुस्लिम समुदाय के लोग इस दिन मस्जिदों में नमाज़-ए-जुमा अदा करते हैं। हर एक मस्जिद में भीड़ रहती है। इस बार “अगहनी जुमा” है।...
November 12, 2022
16 महीने की न्यायिक हिरासत में, मौलिक स्वतंत्रता छीन ली गई, खतीजा मेहरिन पर दुर्भावनापूर्ण पुलिस कार्रवाई का एक और उदाहरण है   बेंगलुरु: 33 साल की खतीजा मेहरिन 16 महीने की न्यायिक हिरासत में अपने ढाई साल के बच्चे के साथ जेल में बंद थीं। पीठ ने कटु टिप्पणी करते हुए कहा कि दुर्भाग्य से याचिकाकर्ता पुलिस के हाथों बलि का बकरा बन गई है और उसे केवल संदेह के आधार पर हिरासत में नहीं लिया जाना...
November 11, 2022
अध्ययन में दृढ़ता से सलाह दी गई है कि नागरिकों पर पैलेट गन का इस्तेमाल न किया जाए File Photo.   श्रीनगर: हाल ही में किए गए एक अध्ययन में पता चला है कि पैलेट गन के शिकार ज़्यादातर लोगों की एक या दोनों आंखों की रोशनी चली गई है और उन पीड़ितों की आंखों में रोशनी न के बराबर रह गई है। इस समय "पैलेट गन के घायलों के मैनेजमेंट, क्लिनिकल फाइंडिंग तथा और इससे जुड़ी घटनाओं की जांच"...
November 10, 2022
हमारे मौलवी साहबों ने खुदा की एक बेहद खौफ़नाक इमेज बना रखी है। ये ऐसा खुदा है जो बात-बात पर नाराज़ हो जाता है। उसके नाराज़ होने का मतलब है कि जहन्नुम की आग आपका इंतज़ार कर रही है। इंसान कन्फ्यूज़्ड है कि खुदा को क्या पसंद है, क्या नहीं। मौलवी साहब आये दिन खुदा को खुश या नाराज़ करने वाली नई बातें ले कर आ जाते हैं।  प्रतीकात्मक तस्वीर पाजामे की लंबाई कितनी होनी चाहिए, दाढ़ी के ऊपर मूछ नहीं...
November 1, 2022
1984 के सिख नरसंहार की 38वीं वर्षगांठ के करीब, दो भारतीय फिल्मों ने कथित तौर पर सबसे बड़े धर्मनिरपेक्ष लोकतंत्र शब्द की वास्तविकता को उजागर करने की कोशिश की है।   लाल सिंह चड्ढा और जोगी दोनों, जो नवंबर 1984 के पहले सप्ताह में तत्कालीन प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी की उनके सिख अंगरक्षकों द्वारा हत्या के बाद सिखों के राज्य प्रायोजित नरसंहार को दर्शाती हैं, क्रमशः मुस्लिम फिल्म निर्माता आमिर...
October 31, 2022
"सहारनपुर के दारुल उलूम देवबंद में आयोजित मदरसा संचालकों के सम्मेलन में जमीयत अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी ने कहा कि दुनिया का कोई भी बोर्ड मदरसों की स्थापना के मकसद को नहीं समझ सकता। इसलिए किसी बोर्ड से जुड़ने का कोई मतलब नहीं बनता। दूसरा, मदरसों को किसी सरकारी मदद की भी जरूरत नहीं है। हाल ही में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा कराए गए मदरसों के सर्वे के बाद दारुल उलूम सहित गैर सरकारी मदरसों को गैर...
October 29, 2022
राजनीति की एक महीन बात यह है कि वैचारिक मकसद हासिल करने के लिए वह गवर्नेस का सहरा लेती है। कहती है कि अगर ऐसा नहीं होगा तो लोककल्याण और सुशासन के लिहाज से दिक्कत आएगी। प्रतीकात्मक तस्वीर। साभार : पीटीआई जब भी मदरसा का नाम आता है तो आमतौर पर लोगों के दिमाग में यह छवि बनती है कि कुर्ता-पैजामा पहने कुछ उलेमा मुस्लिम बच्चों को उर्दू पढ़ा रहे हैं, कुरान पढ़ा रहे हैं। अगर कोई कट्टर स्वाभाव का...