पुलिस के मुताबिक, घटनास्थल से मृतका की हंसिया समेत कई चीजें बरामद हुई हैं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके अलावा पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटना की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी के नीमगांव थाना क्षेत्र में एक दलित युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। परिजनों ने युवती के साथ दुष्कर्म के बाद गला दबाकर हत्या करने और शव को घसीटने का गंभीर आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही युवती की मौत की वजह स्पष्ट हो सकेगी।
दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। पुलिस के मुताबिक, घटनास्थल से मृतका की हंसिया समेत कई चीजें बरामद हुई हैं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके अलावा पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटना की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
पिता का गंभीर आरोप
मृतक युवती के पिता ने बेटी के साथ दरिंदगी करने का गंभीर आरोप लगाया है। उनका कहना है कि घटनास्थल की स्थिति को देखकर इसकी गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। हालांकि, उन्होंने फिलहाल किसी व्यक्ति पर आरोप या संदेह नहीं जताया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए की जा रही है।
पुलिस टीमें जांच में जुटी
घटना की जांच के लिए पुलिस ने कई टीमें बनाई हैं। स्वाट टीम, लोकल इंटेलिजेंस यूनिट और थाना स्तर की टीमें अलग-अलग बिंदुओं पर जांच कर रही हैं। मितौली इंस्पेक्टर के नेतृत्व में भी टीम संदिग्धों की गतिविधियों और घटना से जुड़े तथ्यों की जानकारी जुटा रही है।
पुलिस ने घटना को सुलझाने के लिए एक दर्जन से अधिक टीमों को लगाया है। टीमें संभावित आरोपियों और संदिग्धों की तलाश में अलग-अलग स्थानों पर लगातार दबिश दे रही हैं। इस दौरान कई लोगों से पूछताछ भी की जा चुकी है। जांच टीम फॉरेंसिक जांच से मिले सुरागों के अलावा आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग और तकनीकी सर्विलांस से प्राप्त जानकारी को भी खंगाल रही है। पुलिस इन तमाम साक्ष्यों और इनपुट के आधार पर घटना में शामिल लोगों तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है।
नीमगांव थानाध्यक्ष प्रवीर कुमार गौतम और सीओ मितौली यादवेंद्र यादव ने बताया कि घटना की जांच और खुलासे के लिए पुलिस की कई टीमें लगातार काम कर रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक, जांच के दौरान कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं, जिनके आधार पर पुलिस मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित संदिग्धों की तलाश में लगातार दबिश दे रही हैं। युवती की मौत की असली वजह क्या थी और इस घटना के पीछे किसका हाथ है, इसका पता पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा। अधिकारियों के मुताबिक, फॉरेंसिक जांच से मिले साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट को भी जांच में शामिल किया जाएगा। इन्हीं तथ्यों के आधार पर घटना की पूरी तस्वीर साफ होने की उम्मीद है।
शाहजहांपुर में दलित बच्ची से गैंगरेप का मामला
बीते महीने पुलिस ने बताया कि राज्य के शाहजहांपुर जिले के एक गांव में नौ साल की दलित बच्ची के साथ कथित तौर पर गैंगरेप करने के आरोप में पांच नाबालिगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, सर्कल ऑफिसर (तिलहर) विदुष सक्सेना ने पीटीआई को बताया कि यह घटना तब हुई, जब बच्ची स्कूल के मैदान में दूसरे बच्चों के साथ खेल रही थी। आरोपी नाबालिगों की उम्र 10 से 14 साल के बीच है और वे कथित तौर पर उसे पास के एक खेत में ले गए।
एफआईआर का हवाला देते हुए सक्सेना ने बताया कि बच्ची के परिवार का आरोप है कि आरोपी नाबालिगों ने खेत में उसके साथ गैंगरेप किया और खेत के मालिक के देख लेने पर वहां से भाग गए।
अधिकारी ने बताया कि बाद में बच्ची घर लौटी और अपनी मां को घटना के बारे में बताया, जिसके बाद शिकायत दर्ज कराई गई और शुक्रवार देर रात मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम और अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया।

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी के नीमगांव थाना क्षेत्र में एक दलित युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। परिजनों ने युवती के साथ दुष्कर्म के बाद गला दबाकर हत्या करने और शव को घसीटने का गंभीर आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों की अभी तक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही युवती की मौत की वजह स्पष्ट हो सकेगी।
दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए। पुलिस के मुताबिक, घटनास्थल से मृतका की हंसिया समेत कई चीजें बरामद हुई हैं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। इसके अलावा पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटना की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
पिता का गंभीर आरोप
मृतक युवती के पिता ने बेटी के साथ दरिंदगी करने का गंभीर आरोप लगाया है। उनका कहना है कि घटनास्थल की स्थिति को देखकर इसकी गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। हालांकि, उन्होंने फिलहाल किसी व्यक्ति पर आरोप या संदेह नहीं जताया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए की जा रही है।
पुलिस टीमें जांच में जुटी
घटना की जांच के लिए पुलिस ने कई टीमें बनाई हैं। स्वाट टीम, लोकल इंटेलिजेंस यूनिट और थाना स्तर की टीमें अलग-अलग बिंदुओं पर जांच कर रही हैं। मितौली इंस्पेक्टर के नेतृत्व में भी टीम संदिग्धों की गतिविधियों और घटना से जुड़े तथ्यों की जानकारी जुटा रही है।
पुलिस ने घटना को सुलझाने के लिए एक दर्जन से अधिक टीमों को लगाया है। टीमें संभावित आरोपियों और संदिग्धों की तलाश में अलग-अलग स्थानों पर लगातार दबिश दे रही हैं। इस दौरान कई लोगों से पूछताछ भी की जा चुकी है। जांच टीम फॉरेंसिक जांच से मिले सुरागों के अलावा आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग और तकनीकी सर्विलांस से प्राप्त जानकारी को भी खंगाल रही है। पुलिस इन तमाम साक्ष्यों और इनपुट के आधार पर घटना में शामिल लोगों तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है।
नीमगांव थानाध्यक्ष प्रवीर कुमार गौतम और सीओ मितौली यादवेंद्र यादव ने बताया कि घटना की जांच और खुलासे के लिए पुलिस की कई टीमें लगातार काम कर रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक, जांच के दौरान कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं, जिनके आधार पर पुलिस मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही घटना का खुलासा कर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित संदिग्धों की तलाश में लगातार दबिश दे रही हैं। युवती की मौत की असली वजह क्या थी और इस घटना के पीछे किसका हाथ है, इसका पता पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा। अधिकारियों के मुताबिक, फॉरेंसिक जांच से मिले साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट को भी जांच में शामिल किया जाएगा। इन्हीं तथ्यों के आधार पर घटना की पूरी तस्वीर साफ होने की उम्मीद है।
शाहजहांपुर में दलित बच्ची से गैंगरेप का मामला
बीते महीने पुलिस ने बताया कि राज्य के शाहजहांपुर जिले के एक गांव में नौ साल की दलित बच्ची के साथ कथित तौर पर गैंगरेप करने के आरोप में पांच नाबालिगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, सर्कल ऑफिसर (तिलहर) विदुष सक्सेना ने पीटीआई को बताया कि यह घटना तब हुई, जब बच्ची स्कूल के मैदान में दूसरे बच्चों के साथ खेल रही थी। आरोपी नाबालिगों की उम्र 10 से 14 साल के बीच है और वे कथित तौर पर उसे पास के एक खेत में ले गए।
एफआईआर का हवाला देते हुए सक्सेना ने बताया कि बच्ची के परिवार का आरोप है कि आरोपी नाबालिगों ने खेत में उसके साथ गैंगरेप किया और खेत के मालिक के देख लेने पर वहां से भाग गए।
अधिकारी ने बताया कि बाद में बच्ची घर लौटी और अपनी मां को घटना के बारे में बताया, जिसके बाद शिकायत दर्ज कराई गई और शुक्रवार देर रात मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम और अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया।
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