धार्मिक कट्टरपन

June 9, 2016
Bangladeshi students and social activists protest against the killing of Avijit Roy, in Dhaka, Bangladesh, Friday, Feb. 27, 2015. Image: AP Photo/ A.M. Ahad ​सहनशीलता और विविधता का हमारे देश में लंबा इतिहास रहा है। एहसान मंजिल में गहरे प्यार और बेहद बारीकी से तैयार किया गया एक नक्काशीदार दरवाजा है जो सांस्कृतिक विविधता का प्रतीक है। इसे मुसलिम नवाब ने बनवाया और हिंदू कारीगरों ने बनाया।...
June 9, 2016
मोहसिन पर बर्बर हमले और उसकी मौत के ढाई साल बाद पुणे में एक अदालत में धनंजय देसाई की अपील पर सुनवाई होगी। दूसरी ओर, सरकार के वादे के बावजूद अब तक मोहसिन के परिवार को कोई राहत या क्षतिपूर्ति या उसके भाई मुबीन को कोई सरकारी नौकरी नहीं दी गई है। ढाई साल पहले मोदी सरकार के सत्ता में आने के कुछ ही दिनों बाद एक भीड़ ने शोलापुर जिले के रहने वाले चौबीस साल के मोहसिन शेख पर हमला किया और उसे मारते-...
June 9, 2016
  ​भाजपा के 'कांग्रेस-मुक्त भारत' के नारे का विस्तार इतनी जल्दी 'मुसलमान-मुक्त भारत' में हो जाएगा, इसकी उम्मीद नहीं थी। लेकिन जिस दौर में दादरी में गाय के मांस के हवाले से भीड़ के हाथों मोहम्मद अख़लाक की हत्या कर दिए जाने को सही ठहराने के आशय के बयान बाकायदा सांसद और मंत्री के हैसियत से संजीव बालियान या फिर सांसद योगी आदित्यनाथ जैसे लोग दे रहे हों तो अब पर हैरानी नहीं होनी...
June 9, 2016
Ahsan Jafri with Yashwant Rao Chauhan​ आपकी लाइब्रेरी में कानून, साहित्य, दर्शनशास्त्र, इंसानियत, धर्म, राष्ट्रीय एकता और आपकी अपनी कविताओं की हजारों किताबें जो आपने अपनी अगली पीढ़ियों के लिए संभाल के रखी थीं, वे आपको समझने के लिए काफी थीं। वे सब खाक में तब्दील कर दी गईं। आपके दफ्तर में अब गौरैया नहीं हैं, उनके घोंसले जला दिए गए। मुझे याद है कि आपने अपने दफ्तर में गौरैयों को घोंसला बनाने...
June 8, 2016
​मध्यप्रदेश वह सूबा है जहाँ संघ परिवार अपने शुरुआती दौर में ही दबदबा बनाने में कामयाब रहा है, इस प्रयोगशाला में संघ ने सामाजिक स्तर पर अपनी गहरी पैठ बना चूका है और मौजूदा परिदृश्य में वे हर तरफ हावी है। पहले मालवा क्षेत्र उनका गढ़ माना जाता था अब इसका दायरा बढ़ चूका है और प्रदेश के दूसरे हिस्से भी उनका केंद्र बनकर उभर रहे हैं। इधर मध्यप्रदेश में भगवा खेमे के मंसूबे नए मुकाम तय कर रहें हैं, ताजा...
June 7, 2016
मैं पूर्व सांसद एहसान जाफरी की बेटी हूं, जिन्हें गोधरा घटना के बाद शुरू हुए गुजरात कत्लेआम के दौरान 28 फरवरी, 2002 को उनके ही घर में बर्बर तरीके से जला कर मारा डाला गया। मेरे लिए आज भी यह यकीन करना मुश्किल है कि अब वे नहीं हैं, उन्हें इस तरह बेवक्त हमसे दूर कर दिया गया, बेहद क्रूरता और बर्बरता के साथ। चूंकि उन्हें जिंदा जला दिया गया और हमें उनका शरीर भी नहीं मिला, तो मैं अब भी उनकी मौत के...
June 6, 2016
खबरों के मुताबिक नरेंद्र दाभोलकर, गोविंद पानसरे और एमएम कलबुर्गी जैसे तर्कवादी और अंधविश्वासों के खिलाफ अभियान चलाने वाले प्रगतिशील विचारकों-कार्यकर्ताओं की हत्या के मामले की जांच में देश की चर्चित एजेंसी सीबीआई ने एक तरह से खुद को नाकाम घोषित कर दिया है और अब वह इन मामलों की जांच के लिए 'स्कॉटलैंड यार्ड' का सहारा लेने जा रही है। इसके पहले अंधविश्वासों और तांत्रिकों के खिलाफ लड़ने...
June 5, 2016
देश की गुलामी के दिनों में दो बहुत होनहार छात्र हुआ करते थे। एक था नाम था, मोहनदास करमंचद गांधी और दूसरे का भीमराव आंबेडकर। गांधी का मेन सब्जेक्ट नॉन वॉयलेंस था जबकि आंडबेकर का विषय सोशल जस्टिस। देश की आज़ादी के बाद इन दोनो होनहार विद्यार्थियों का रिजल्ट एनाउंस हुआ। गांधी टॉपर घोषित किये गये। सत्य-अहिंसा ही नहीं बल्कि सामाजिक न्याय में भी उन्हे शत-प्रतिशत अंक मिले, ये अलग बात है कि सामाजिक...
June 5, 2016
पिछले कुछ समय से आरएसएस-भाजपा की ओर से बाबा साहेब आंबेडकर को बढ़-चढ़ कर अपना आदर्श बनाने की कोशिश हो रही है। लेकिन अपनी राजनीति का उन सामाजिक वर्गों में विस्तार की मंशा के अलावा भी आरएसएस-भाजपा के लिए आंबेडकर का कोई महत्त्व है क्या? संघ की राजनीति और समाज की हकीकत किसी से छिपी नहीं है। लेकिन अपने शासन-व्यवहार में भाजपा और उसकी सरकार आंबेडकर और उनके आदर्शों को लेकर कितनी गंभीर है, गुजरात के...